फतेहाबाद 31 जुलाई: प्रदेश सरकार द्वारा फरवरी व मार्च 2007 के दौरान ओलावृष्टि से हुए नुकसान पर किसानों को 235 करोड़ रुपए का मुआवजा दिया गया है।
यह जानकारी कृषि एवं जेल विभाग हरियाणा के संसदीय सचिव श्री दुड़ाराम ने आज स्थानीय अनाज मण्डी में किसानों की समस्याएं सुनने उपरान्त दी। उन्होंने कहा कि फतेहाबाद हल्के के गाव जैसे गोरखपुर,हजरांवा तथा खासापठाना के किसान मुआवजा राशि से वचिंत रह गए थे, उन्हें शीघ्र ही ओलावृष्टि से हुए नुकसान की भरपाई की जाएगी। संसदीय सचिव ने कहा कि मुख्यमन्त्री श्री भूपेन्द्र सिंह हुड्डा ने उक्त गांवों के किसानों के फरवरी-07 के दौरान ओलावृष्टि से हुए फसल के नुकसान की भरपाई के लिए 26 लाख रुपए से भी अधिक राशि स्वीकृत की है। उन्होंने मुख्यमन्त्री का धन्यवाद करते हुए कहा कि गोरखपुर के किसानों को 21 लाख 91 हजार रुपए,हजरावां के किसानों के लिए दो लाख पांच हजार रुपए तथा खासापठाना के किसानों के लिए 2 लाख 11 हजार रुपए की धनराशि मुआवजा के रूप में शीघ्र ही वितरित की जाएगी।
श्री दुड़ाराम ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा औलावृष्टि मुआवजे में रिकार्ड वृद्धि की गई है ताकि किसान की फसल के नुकसान की भरपाई की जा सके। उनहोंने कहा कि गेहूं के लिए नुकसान के आधार पर मुआवजा तीन हजार,चार हजार और पांच हजार रुपए तथा अन्य फसलों के लिए दो हजार रुपए, तीन हजार तथा चार हजार रुपए प्रति एकड़ निर्धारित किए है। उन्होंने कहा कि प्राकृतिक आपदा से होने वाली मृत्यु पर मुआवजा राशि 50 हजार रुपए से बढ़ा कर दो लाख रुपए प्रति व्यक्ति तथा पशुओं की मृत्यु पर दोगुणा राशि की गई है। उन्होंने कहा कि जिन किसानों की रबि-07 की फसले 25 प्रतिशत व इससे अधिक क्षतिग्रस्त हुई उनके अल्पकालीन ऋण मध्यम दर्जे के ऋणों में तबदील किया गया है। उन्होंने कहा कि कृषि उत्पादन व सम्बध कार्यो में उल्लेखनीय योगदान देने वाले किसानों को राज्य तथा जिला स्तर पर क्रमश: एक लाख व 25 हजार रुपए के पुरस्कार दिए जाते है।
इस अवसर पर किसान नेता उग्रसेन,कांग्रेस के वरिष्ठ नेता द्वारका प्रसाद एडवोकेट, दलीप सिंह बेधड़क,इन्दराज सिंह,उपास कुमार भट्टी, बलदेव चौधरी, सहित विभिन्न गांवो के सरपंच व बड़ी सख्या में किसान उपस्थित थे। -