
कुरुक्षेत्र, 28 जुलाई - वैदिक मंत्रोच्चारण और शंख ध्वनियों के बीच अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी की अध्यक्षा श्रीमती सोनिया गांधी ने आज कुरुक्षेत्र के पवित्र ब्रह्मासरोवर के मध्य स्थित पुरुषोत्तमपुरा बाग में लगभग दो करोड़ रुपये की लागत से निर्मित श्री कृष्ण-अर्जुन धातु रथ का अनावरण किया। इस भव्य रथ पर योगीराज श्रीकृष्ण द्वारा मोहग्रस्त अर्जुन को गीता का संदेश देते हुए दर्शाया गया है। अनावरण अवसर पर हरियाणा के महामहिम राज्यपाल डा. ए.आर. किदवाई, मुख्यमंत्री भूपेन्द्र सिंह हुड्डा, हरियाणा कांग्रेस प्रभारी मारग्रेट अल्वा, सांसद नवीन जिन्दल व अरविन्द शर्मा, संसदीय सचिव कृष्णा पण्डित व दूड़ाराम, हरियाणा के मुख्य सचिव धर्मबीर, पुलिस महानिदेशक रंजीव दलाल, अम्बाला मण्डल के आयुक्त महेन्द्र कुमार तथा अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे। मुख्य द्वार पर श्रीमती गांधी का स्वागत वन मंत्री किरण चौधरी, श्रम मंत्री ए.सी. चौधरी तथा पुरातत्व एवं सहकारिता मंत्री मीना मण्डल, उपायुक्त पंकज अग्रवाल, पुलिस अधीक्षक अमिताभ ढिल्लों सहित उच्च प्रशासनिक अधिकारियों ने किया। रिमोट का बटन दबाते ही इस भव्य धातुरथ का अनावरण हुआ। इसके साथ ही शंख और करतल ध्वनि से वातावरण गुंजायमान हो उठा। श्रीमती गांधी ने अपने कुल पुरोहित से आशीर्वाद लेते हुए उनके द्वारा प्रस्तुत प्राचीन पाण्डुलिपि, जिसमें नेहरू परिवार की त्त् पीिढ़यों का उल्लेख है, पर भी हस्ताक्षर किए। इसके पश्चात, उन्होंने ब्रह्मासरोवर के तट पर जाकर पवित्र जल का आचमन किया और इस तीर्थ को नमन करते हुए सर्व जन सुखाय, सर्व जन हिताय की कामना की। युपीए अध्यक्षा ने इस अवसर पर पौधारोपण भी किया तथा कुरुक्षेत्र संसदीय क्षेत्र में गत चार वर्ष में करवाए गए विकास कार्यों को प्रतिबिम्बित करती हुई सांसद नवीन जिन्दल द्वारा प्रकाशित पुस्तिका का विमोचन किया। हरियाणा के महामहिम राज्यपाल तथा कुरुक्षेत्र विकास बोर्ड के अध्यक्ष डा. ए.आर. किदवाई ने श्रीमती गांधी को इस अवसर को सदैव स्मरणीय बनाए रखने के लिए इस रथ का एक प्रतिरूप भेंट किया। गौरतलब है कि ब्रह्मासरोवर तट पर स्थित यह आर्कषक रथ 35 फुट ऊंचा, 60 फुट लम्बा तथा 30 फुट चौड़ा है और कांस्य से बने इस रथ का वजन 45 टन है। इस रथ के अनावरण के बाद धर्मक्षेत्र कुरुक्षेत्र का पर्यटन के दृष्टिगत महत्व बढ़ेगा और कुरुक्षेत्र में आने वाले श्रद्धालुओं व तीर्थ यात्रियों के लिए यह रथ आकर्षण का केन्द्र रहेगा।